जयपुर, जुलाई 12, 2022.

इस साल श्रावण मास की शुरुआत 14 जुलाई 2022 से हो रही है और सावन का पहला सोमवार 18 जुलाई को है।

सावन के महीने में किए जाने वाले पूजा-पाठ और व्रत का भी बड़ा महत्व है। शिवभक्त महादेव को प्रसन्न करने के लिए पूजा-पाठ, व्रत, अनुष्ठान आदि करते हैं। सावन के पूरे महीने में भोलेनाथ के मंदिरों में भक्तों का जमावड़ा लगा रहता है।

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सावन के सोमवार का व्रत रखने के अलावा शिवलिंग पर जलाभिषेक को बहुत महत्व दिया गया है। साथ ही प्रत्येक सोमवार को गाय को पालक खिलाने और गरीबों को भोजन तथा वस्त्रों का दान बहुत शुभ माना जाता है।

सावन सोमवार के दिन सुबह स्नान आदि से निवृत होकर गंगाजल, चीनी, चावल और कच्चे दूध के मिश्रण वाला जल भगवान भोलेनाथ को अर्पित करें। मान्यता है कि सावन के हर सोमवार इस तरह से भोलेनाथ का अभिषेक करने से व्यापार, नौकरी और वैवाहिक जीवन में आ रही बाधाएं दूर होती हैं।

भोलेनाथ की पूजा में बेलपत्र बहुत शुभ माना जाता है ऐसे में सावन के सोमवार के दिन बेलपत्र पर चंदन से ओम नमः शिवाय लिखें और फिर इस महादेव को अर्पित कर दें।